दीपक मिश्रा
परमात्मा ने व्यक्ति के जीवन को सर्वोत्तम एवं उपयोगी बनाया है। जिसकी सुरक्षा एवं संवर्धन के उपाय भी शरीर मे विकल्प के रूप मे प्रदान किये है। शरीर मे रक्त अमूल्य निधि है, जिसका उपयोग शरीर की प्रक्रियाओं के संचालन मे अहम किरदार निभाता है। गुरुकुल कांगड़ी समविश्वविद्यालय, हरिद्वार तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के संयुक्त तत्वावधान मे मैक्स हास्पिटल, देहरादून के डाक्टर्स की टीम के निर्देशन मे निशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं रक्तदान शिविर का आयोजन विश्वविद्यालय सभागार मे आयोजित किया गया। शिविर का उदघाटन समविश्वविद्यालय कुलपति प्रो0 प्रतिभा मेहता लूथरा द्वारा वैदिक मंत्रोचार तथा रिबन काट कर किया गया। उन्होंने अपने संबोधन मे कहा कि युवावस्था रक्तदान की सबसे उत्तम अवस्था होती है, जिसमे रक्त सर्वाधिक बनता है। रक्त बनने मे कोई बाह्य व्यवस्था कार्य नहीं करती है, यह केवल शरीर मे शरीर की प्रक्रिया द्वारा ही बन सकता है। उन्होने छात्रों तथा युवाओं का आह्वान किया कि रक्तदान करने से अधिक श्रेष्ठतम अन्य कोई कार्य नहीं हो सकता। कार्यक्रम के संयोजक डा0 हरीश चन्द ने बताया कि अमर हुतात्मा स्वामी श्रद्धानंद बलिदान शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित निशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं रक्तदान शिविर में शिक्षकों-शिक्षकेत्तर कर्मचारियों सहित छात्र-छात्राओं ने भाग लिया| स्वास्थ्य जाच मैक्स हास्पिटल के विशेषज्ञ डाक्टर्स द्वारा तथा रक्तदान शिविर का संचालन स्वराज फाउंडेशन, रूडकी के सहयोग से सम्पन्न हुआ। जिसमे 40 यूनिट ब्लड एकत्रित हुआ। रक्तदान शिविर में डॉ अजेन्द्र, डॉ नितिन भारद्वाज, प्रवीण सहित विभिन्न छात्रों ने रक्तदान किया|
रक्तदान शिविर में स्वराज फाउन्डेशन व स्वास्थ्य परीक्षण कार्यक्रम में मेक्स चिकित्सालय देहरादून से आयी टीम का योगदान रहा| कार्यक्रम में मेक्स हॉस्पिटल की टीम के डॉ नवीन नाथ, डॉ उत्कर्ष दीक्षित, असिसन, अपेक्षना, अनमोल, हिमांशु सैनी, अनिश रमोला, स्वराज फाउंडेशन के संयोजक अनिल पाराशर, जीवन रक्षक ब्लड सेंटर हरिद्वार के डॉ चन्दन, वीरेन्द्र, संदीप, शमशाद अली, शिवानी, प्रज्ञा, सरफराज, विजय, चित्रेश, अजहर, अयान, प्रो0 अरुण कुमार, डा0 नितिन भारद्वाज, जनसम्पर्क अधिकारी डा0 शिवकुमार चौहान, डॉ उधम सिंह, डा0 सुनील कुमार, डा० मनोज कुमार, डा0 विक्रम चैधरी, कुलभूषण शर्मा, मनोज कुमार, हेमन्त नेगी, धर्मेन्द्र बिष्ट, प्रवीण कुमार आदि उपस्थित रहे।